गुरसरांय (झांसी)। सरकार द्वारा किसानों के हित में चलाई जा रही योजनाओं का लाभ कृषि विभाग के अधिकारी धरातल पर किसानों को जानबूझकर पात्र लाभार्थियों को नहीं दे रहे हैं और अपने चहेते कर्मचारियों के माध्यम से योजनाओं में काफी हेरा फेरी किए जाने की चर्चा इस समय जोरों पर है राजकीय कृषि बीज भंडार गुरसरांय और गरौठा में खरीफ फसल के नि:शुल्क मिनी किट से लेकर लघु सीमांत किसानों के लिए नि:शुल्क प्रदर्शन मूंगफली,उड़द,मूंग आदि खरीफ फसलों के मिनी किट वितरण और खरीफ प्रदर्शन वितरण में बताया जा रहा है कि जिला मुख्यालय से ही प्रदर्शनों का वितरण किसको करना है यह तय हुआ है जबकि गुरसरांय राजकीय बीज भंडार पर 13 जुलाई 2025 तक खरीफ फसल के प्रदर्शन और मिनि किट के लिए ग्रामीण क्षेत्र से बड़ी संख्या में गरीब किसान महिला,पुरुष दिन-दिभर चक्कर लगाकर चले जाते हैं और न के बराबर किसानों को मिनि किट देकर केवल प्रदर्शन किया जा रहा है गुरसरांय-गरौठा में सालों से जमें कर्मचारी अपने मन माफिक तरीके से क्षेत्र के प्रभावशाली लोगों से मिलकर नि:शुल्क बीज वितरण में मिली भगत होने के चलते सरकार की मंशा पर पानी फेरते हुए गरीब और लघु सीमांत किसानों को उक्त योजना का लाभ नहीं मिल पा रहा है जबकि खरीफ का बुवाई का समय निकलने वाला है और गुरसरांय में खरीफ गोष्ठी हुई ही नहीं है और जिले के कृषि अधिकारी से लेकर कृषि विभाग के आला अधिकारी आखिर शासन की मन्शा अनुरूप काम करने में लापरवाही क्यों बर्त रहे हैं यहां तक की राजकीय कृषि बीज भंडार गुरसरांय के कार्यालय और गोदाम के बीच की दीवाल में दरार आ गई है जहां किसानों को घंटो घंटो तक खड़ा रहना पड़ता है और यह खस्ता हाल दीवाल कभी भी कोई अनहोनी की ओर इशारा कर रही है जिसकी मरम्मत की रिपोर्ट स्थानीय स्तर से लेकर जिले स्तर के अधिकारियों ने सालों से शासन को नहीं दी है और ना ही दीवाल को सुधारा जा रहा है खरीफ बीज प्रदर्शन के वितरण अनुसार अगर मौके पर सत्यापन कराया जाता है तो बहुत बड़ा घपला उजागर हो सकता है यही नहीं कृषि विभाग द्वारा अनुदान पर मिलने वाली विभिन्न सुविधाओं में भी कर्मचारियों ने अपने चहेते लोगों को ही लाभ दिलाया है जिससे पात्र लाभार्थी किसानों को सरकार के लाख प्रयास के बाद भी शासन की योजना का लाभ नहीं मिल पा रहा है। क्षेत्र के किसानों ने इस संबंध में शासन से जल्द बड़ी कार्रवाई की मांग की है।
