झाँसी-स्थानीय सर्किट हाउस में बुंदेलखंड दिव्यांग विकास समिति के नए केंद्रीय अध्यक्ष के पद पर मोहम्मद शायर बबलू भाई को चुने जाने के अवसर पर जालौन गरौठा भोगनीपुर सांसद नारायण दास अहिरवार, पूर्व विधायक बृजेंद्र व्यास डमडम महाराज ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए बताया कि उत्तर प्रदेश में दिव्यांग तमाम समस्याओं से जूझ रहे हैं। इन समस्याओं में मुख्य रूप से दिव्यांगों की पेंशन है। दिल्ली में दिव्यांगों को 5,000 प्रति माह के हिसाब से पेंशन मिलती है, लेकिन उत्तर प्रदेश में यह पेंशन मात्र एक हजार रुपए प्रतिमाह है। महंगाई के इस दौर में ऐसे में दिव्यांगों का जीवन यापन बेहद मुश्किल हो गया है। इसके अलावा दिव्यांगों को बसों में भी फ्री यात्रा की सुविधा नहीं है, इसलिए उन्हें फ्री यात्रा की सुविधा भी उपलब्ध कराई जानी चाहिए। सरकारी अस्पतालों में दिव्यांगता के प्रमाण पत्र बनाए जाने में कहीं भी पारदर्शिता की नीति नहीं अपनाई जा रही है। अस्पतालों में दलाल सक्रिय है, जिससे पात्र व अपात्रों के बीच कोई अंतर नहीं रह गया है। जालौन गरौठा भोगनीपुर सांसद नारायण दास अहिरवार ने कहा कि इन समस्याओं को मौका मिलने पर लोकसभा में उठाया जाएगा। पूर्व विधायक बृजेंद्र व्यास ने कहा कि दिव्यांगों की समस्याएं पूरी तरह से मानवीय आधार के मद्देनजर वास्तविक है और इनका निराकरण हर हालत में होना चाहिए। इस अवसर पर समिति के पूर्व केंद्रीय अध्यक्ष स्वर्गीय मोहम्मद उमर के पुत्र रेहान उमर, अशोक मुस्तारिया, बलवान सिंह यादव, मजहर कुरैशी, सुरेंद्र श्रीवास, राकेश वर्मा आदि सहित तमाम लोग मौजूद रहे।
