शरद अग्रवाल पत्रकार दैनिक बुंदेलखंड बुलेटिन जिला ब्यूरो चीफ छतरपुर
छतरपुर/बमीठा/दर्जनो स्कूलो मे वर्षो से सूखे हैण्डपम्प पर विभागीय अधिकारियो की नजर नही है।
बच्चे एक किलोमीटर दूर पानी पीने जाते है, कुछ विद्यालयो मे रसोईयां बहिने घर से डिब्बो मे पानी भरकर लाती है।
राजनगर विकासखंड क्षेत्र अंतर्गत संकुल केंद्र गंज एवं झमटुली के एक दर्जन विद्यालयों के हेडपंप वर्षो से सूखे पड़े हुए हैं। जिनमे कुछ हेडपंप खराब हो गए है उन्हे अधिकारी सुधारने नही आते है। कुछ हैण्डपम्प मे अंदर पानी की मात्रा बिल्कुल भी नही है। जिससे स्कूली बच्चो एवं रसोईयां बहिनो को पीने के लिए पानी की समस्या हो रही है। स्कूली बच्चे बूंद-बूंद की कीमत समझकर उपयोग कर रहे है। इन पर विभागीय अधिकारियो की नजर नही है।
संकुल केंद्र गंज के माध्यमिक विद्यालय बैडरी का हैण्डपम्प वर्षो से सूखा हुआ मिला है। यहां के बच्चे घरो से पानी लेकर आते है। वही रसोईयां बहिने बूंद-बूंद की कीमत समझ रही है। वही माध्यमिक विद्यालय दिदौनिया का हैण्डपम्प खराब मिला है। इसमे मोटर डाला था जो खराब पङा हुआ है। वही टपरियन के प्राथमिक स्कूल का हेडपंप खराब मिला है। जिससे बच्चो को पानी की समस्या हो रही है।
संकुल केंद्र झमटुली अंतर्गत माध्यमिक विद्यालय सलैया के हैण्डपम्प मे इतना कम पानी है कि बच्चे व रसोईया बहिने बूंद-बूंद पानी का उपयोग कर रही है। प्राथमिक स्कूल बरजोई-टपरन का हैण्डपम्प वर्षो से खराब पङा हुआ है। जहां बच्चे घर से पानी और रसोईया एक किलोमीटर दूर से डिब्बो मे पानी लेकर आती है। प्राथमिक स्कूल पुतरयान मे वर्षो से सूखा हैण्डपम्प मिला है। इसकी शिकायत जिम्मेदार शिक्षको ने आज तक विभाग को अवगत नही कराया है। प्राथमिक स्कूल तालाबपुरा और टिकरापुरवा के हैण्डपम्प भी वर्षो से सूखे पङे हुए है। इनमे अंदर बिल्कुल भी पानी नही है। जिससे बच्चे घरो से पानी लेकर आते है।
शिक्षकों ने बताया कि माध्यमिक एवं प्राथमिक विद्यालयों के हैण्डपम्प वर्षो से सूखे पङे हुए है। विभाग को इनकी शिकायत कर परेशान हो चुके है। जबकि कुछ हैण्डपम्प मे पानी नही है। जिससे वहां पीने के लिए पानी की समस्या हो रही है। विभाग को शिकायत करने के बाद भी सुधार नही कराया जा रहा है।
अगर विभागीय अधिकारी इस पर ध्यान देते तो स्कूलो मे पानी की समस्या नही होती लेकिन इसके पहले भी खबरें प्रकाशित होने के बावजूद भी आज तक हैण्डपम्प खराब के खराब और सूखे पङे हुए है। जिससे स्कूली बच्चो को पानी की समस्या हो रही है।
यह है इसके जिम्मेदार।
राजनगर बीआरसी अतुल चतुर्वेदी का कहना है कि कुछ हैण्डपम्प खराब है जिन्हे में दिखवाता हूं। और जिन स्कूलो के हैण्डपम्प सूखे पङे हुए है उनमे पंचायत अधिकारी भी पानी की समस्या का समाधान करा सकते है। जिससे स्कूलो मे पानी की व्यव्स्था हो सके।
