बुन्देलखण्ड बुलेटिन न्यूज
गरौठा झांसी
गुरसरांय थाना क्षेत्र में साले की मेहंदी की रस्म में जमकर डांस करने के बाद जीजा की अचानक मौत हो गई। डांस के बाद वे खाना खाकर बैठे थे। अचानक बेचैनी होने लगी और वे कुर्सी से नीचे गिर गए। इसके बाद वे उठ नहीं पाए।
जीजा की मौत के बाद शादी वाले घर में मातम छा गया। गुरुवार को यानी आज ही साले की बारात जानी है। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर गुरुवार को सुबह 10 बजे पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। पूरा मामला गुरसराय के पठा गांव का है।
मृतक का नाम दीपक मिश्रा (33) था। वह महानगर के शिवाजी नगर के रहने वाले थे। पिता शंकरदयाल मिश्रा के रेलवे से वीआरएस लेने के बाद बेटे दीपक मिश्रा को नौकरी मिली थी। वह झांसी डीआरएम ऑफिस में काम करते थे। मृतक के बहनोई प्रतीक पटेरिया ने बताया कि “दीपक मिश्रा का ससुराल गुरसराय के पठा गांव में है। उनके साले की गुरुवार को यानी आज शादी है। साले की शादी में शामिल होने के लिए दीपक पत्नी और बच्चों को लेकर 18 फरवरी को पठा गए थे
बहनोई ने आगे बताया कि “बुधवार रात लगभग 11 बजे हंसी-खुशी के माहौल में मेहंदी की रस्म चल रही थी। इस दौरान परिवार के लोगों के संग दीपक ने खूब डांस किया। इसके बाद सभी के साथ खाना खाया। खाना खाने के बाद उन्हें बेचैनी महसूस होने लगी।
वे शर्ट उतारकर कुर्सी पर बैठ गए और वे अचानक कुर्सी से गिर गए। परिजन आनन-फानन उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गुरसराय लेकर भागे। वहां से उन्हें मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया। यहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
दीपक की मौत के बाद शादी की खुशियां मातम में बदल गई। दीपक अपने माता-पिता के इकलौते बेटे थे। उनके दो बेटे 8 साल का वेदांश और 7 साल का शिब्बू हैं। पत्नी कुमकुम पति को याद कर बार-बार बेसुध हो जा रही है। दीपक मिश्रा पर अपने बूढ़े माता-पिता के साथ ही पत्नी और दो बच्चों के भरण पोषण की जिम्मेदारी थी।
