झाँसी- केंद्रीय गृहमंत्री, भारत सरकार द्वारा 9वीं APEX LEVEL COMMITTEE (NCORD) की बैठक दिनांक 09.01.2026 में दिए गए निर्देशों के क्रम में तथा पुलिस मुख्यालय भोपाल (मध्य प्रदेश) द्वारा जारी निर्देशों के अनुपालन में सीमावर्ती राज्यों के मध्य मादक पदार्थों की तस्करी की रोकथाम एवं प्रभावी अंतर्राज्यीय समन्वय स्थापित करने के उद्देश्य से आज दिनांक 03.07.2026 को ओरछा, जिला निवाड़ी (मध्य प्रदेश) में अंतर्राज्यीय बॉर्डर मीटिंग (Border Meeting) का आयोजन किया गया।
बैठक का आयोजन पुलिस उप महानिरीक्षक, छतरपुर रेंज, छतरपुर श्री विजय कुमार खत्री के निर्देशन में किया गया, जिसमें सागर जोन (मध्य प्रदेश) एवं उत्तर प्रदेश के झाँसी तथा ललितपुर जनपदों के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने सहभागिता की।
बैठक में निम्नलिखित अधिकारीगण उपस्थित रहे—
1. श्री आकाश कुलहरि, पुलिस महानिरीक्षक, झाँसी परिक्षेत्र, झाँसी
2. श्री मिथिलेश कुमार शुक्ला, पुलिस महानिरीक्षक, सागर जोन
3. श्री विजय कुमार खत्री, पुलिस उपमहानिरीक्षक, छतरपुर रेंज
4. श्री शशीन्द्र चौहान, पुलिस उपमहानिरीक्षक, सागर रेंज
5. श्री बी.बी.जी.टी.एस. मूर्ति, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, झाँसी
6. श्री मो0 मुस्ताक, पुलिस अधीक्षक, ललितपुर
7. डॉ. राय सिंह नरवरिया, पुलिस अधीक्षक, निवाड़ी
8. श्री अनुराग सुजानिया, पुलिस अधीक्षक, सागर
9. श्री रजत सकलेचा, पुलिस अधीक्षक, छतरपुर
10. श्री मनोहर सिंह मंडलोई, पुलिस अधीक्षक, टीकमगढ़
11. श्रीमती निवेदिता नायडू, पुलिस अधीक्षक, पन्ना
12. श्री आनंद कलादगी, पुलिस अधीक्षक, दमोह
बैठक के दौरान नारकोटिक ड्रग्स एवं साइकोट्रॉपिक पदार्थों (NDPS) की अंतर्राज्यीय एवं सीमावर्ती क्षेत्रों में तस्करी की रोकथाम, क्रॉस बॉर्डर नेटवर्क, ड्रग पैडलर्स (Drug Peddlers), पूर्व में गिरफ्तार एवं फरार अभियुक्तों की जानकारी का आदान-प्रदान, मादक पदार्थों की तस्करी में संलिप्त गिरोहों पर संयुक्त एवं समन्वित कार्रवाई, खुफिया सूचनाओं के त्वरित आदान-प्रदान तथा सीमावर्ती जनपदों के मध्य बेहतर समन्वय स्थापित कर प्रभावी कार्यवाही किए जाने पर विस्तृत चर्चा की गई।
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि मध्य प्रदेश एवं उत्तर प्रदेश के सीमावर्ती जनपद आपसी समन्वय स्थापित करते हुए मादक पदार्थों की तस्करी, अवैध परिवहन एवं कारोबार में संलिप्त अपराधियों के विरुद्ध निरंतर प्रभावी कार्रवाई करेंगे तथा सूचना साझा कर संयुक्त अभियान संचालित किए जाएंगे, जिससे आगामी वर्षों में नशामुक्त भारत के लक्ष्य को प्राप्त करने में प्रभावी योगदान सुनिश्चित किया जा सके।
