झाँसी – बुंदेलखंड निर्माण मोर्चा के अध्यक्ष भानू सहाय के नेतृत्व में प्रधानमंत्री एवं मुख्यमंत्री को सम्बोधित ज्ञापन जिला अधिकारी के माध्यम से दिया। ज्ञापन में मांगे नहीं मैने जाने पर दी अमरण अनशन एवं राज्य निर्माण की वादा खिलाफ़ी के विरोध में प्रारम्भ किया जायेगा राम कौ कौल अभियान।
प्रभु राम राजा सरकार एवं बाबा भीमराव अम्बेडकर जी को साक्षी मानकर आपने बुंदेलखण्ड क्षेत्र के लोगों से वादा किया था कि तीन साल के भीतर बुंदेलखण्ड राज्य का निर्माण कर दिया जाएगा। वचन दिये हुये 12 साल से अधिक का समय गुजर चुका है परन्तु अभी तक कार्यवाही तक प्रारम्भ नहीं हुई है।
अखण्ड बुंदेलखण्ड हमारा अधिकार है जिसमें उत्तर प्रदेश के झांसी, बाँदा, जालौन, हमीरपुर, चित्रकूट, ललितपुर व महोबा जिले हैं व मध्य प्रदेश के सागर, छतरपुर, दमोह, टीकमगढ़, दतिया, पन्ना व निवाड़ी जिले एवं लहार, गुहाण्ड, पिछोर, करैरा, चन्देरी, गंजबासौदा, कटनी व चित्रकूट तहसीलों को जोड़ कर शीघ्र वचन पूरा कर पृथक राज्य बनाया जाए।
बुंदेलखण्ड राज्य निर्माण की वादा खिलाफी एवं जनप्रतिनिधियों का सहयोग नहीं किये जाने के विरोध में प्रभु रामराजा सरकार के चरणों में पुजवा कर राम बन्धन (कलावा) बुंदेलखण्ड की जनता की कलाई पर बांधकर ‘‘राम को कौल’’ (कसम) चढ़ाकर सत्तादल के प्रतिनिधियों को आगामी चुनाव में हरवाने का भरसक प्रयास किया जाएगा।
बुंदेलखण्ड निर्माण मोर्चा की मुख्यमंत्री से मांगें निम्नवत हैं:-
1- बुंदेलखंड क्षेत्र के सभी मेडिकल कॉलेजों, जिला अस्पतालो, सी.एच.सी. व पी.एच.सी. में चिकित्सकों, मेडिकल, पैरामेडिकल स्टाफ की रिक्तियों को समयबद्ध भरा जाये जिससे हैं बुंदेलखंड के लोगों को अच्छा इलाज मिल सके साथ ही आवश्यक सभी उपकरणों को पूरा किया जाए। झांसी मेडिकल कॉलेज में नेत्र बैंक की अनुमति शीघ्र दी जाए।
2- बुंदेलखण्ड विश्वविद्यालय, झाँसी को स्ववित्तपोषित की जगह सरकार द्वारा एडिड किया जाए जिससे छात्र/छात्राओं की फीस में कमी आ सके। विश्वविद्यालय में खाली पदों को शीघ्र भरा जाए। प्राईमरी से महाविद्यालय में शिक्षकों एवं स्टाफ की रिक्तियाँ शीघ्र भरी जांए एवं विद्यालयों का जीर्णोद्धार शीघ्र हो।
3- बुंदेलखण्ड में अवैध नर्सिंग होम्स जो जिलों के मुख्य चिकित्सा अधिकारी, क्षेत्रीय अग्निशमन अधिकारी, जिला विकास प्राधिकरणों, क्षेत्रीय प्रदूषण कन्ट्रोल बोर्ड एवं जिला प्रशासन की मिली भगत से धड़ल्ले से चल रहे हैं, उनकी उच्चस्तरीय जांच कराई जाए। नक्शा पास हो या न हो, अग्निशमन एवं प्रदूषण का अनापत्ति प्रमाण पत्र हो या न हो, जिलों के मुख्य चिकित्सा अधिकारियों द्वारा मान्यता प्रदान कर दी जा रही है, सम्बन्धित अधिकारियों की भ्रष्टाचार की उच्च स्तरीय जांच समयबद्ध कराई जाए।
झाँसी जनपद में इस बाबत 5 पत्र श्रीमान् मण्डल आयुक्त महोदय , 8 पत्र श्रीमान् जिलाधिकारी महोदय, झांसी एवं सम्बन्धित विभागों को अनेक पत्र दिये गये पर कार्यवाही सिर्फ कार्यवाही के नाम पर की जा रही है।
*मोहन भागवत जी ने कहा कि आन्दोलन वार्ता का द्वार खोलते हैं पर आप मान्यवर की सरकार ने तो अभी तक वार्ता का द्वार खोला ही नहीं है। बुंदेलखण्ड निर्माण मोर्चा को आशा भी नहीं है कि आपकी सरकार वार्ता का द्वार खोलेगी।
मांगे नहीं माने जाने पर मोर्चा द्वारा अक्टूबर माह 2026 में गांधी उद्यान, झांसी में आमरण अनशन करने एवं सत्तादल के प्रतिनिधियों को वादा खिलाफी के विरोध में ‘‘राम को कौल’’ (कसम) चढ़ाकर चुनाव में हरवाने का अभियान प्रारम्भ किया जाएगा।
