झाँसी – ऐतिहासिक रानी लक्ष्मीबाई पार्क में लगी वीरांगना रानी लक्ष्मीबाई की प्रतिमा के नीचे घोड़े के पेट पर मधुमक्खियों का छत्ता लग गया है। यह नज़ारा न सिर्फ प्रशासनिक लापरवाही की कहानी कह रहा है, बल्कि पार्क में रोज़ टहलने आने वाले बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं की सुरक्षा पर भी बड़ा सवाल खड़ा कर रहा है।
बरसों से वीरांगना के गौरवमयी इतिहास को संजोए यह पार्क शहर की पहचान है, लेकिन प्रतिमा के नीचे बना यह छत्ता कभी भी खतरे की वजह बन सकता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि मधुमक्खियाँ अचानक भड़क गईं तो बड़ा हादसा हो सकता है।
सबसे चिंताजनक बात यह है कि पार्क में हर दिन सैकड़ों लोग सैर-सपाटे और बच्चों के साथ घूमने आते हैं। ऐसे में यदि समय रहते छत्ता नहीं हटाया गया तो किसी के घायल होने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।
लोगों का आरोप है कि झाँसी प्रशासन अक्सर हादसे के बाद ही जागता है। सवाल यह है कि क्या इस बार भी किसी दुर्घटना का इंतजार किया जाएगा? या फिर जिम्मेदार अधिकारी तुरंत संज्ञान लेकर इस खतरे को खत्म करेंगे?
अब देखना यह होगा कि वीरांगना की धरती पर सुरक्षा को लेकर प्रशासन कितनी जल्दी कदम उठाता है।
