बुंदेलखंड बुलेटिन न्यूज
रिपोर्ट-शौकीन खान/कौशल किशोर गुरसरांय
गुरसरांय (झांसी)।कुरैठा सांस्कृतिक महोत्सव यज्ञ में नावली सरकार पर चल रही संगीतमय श्रीमद्भागवत कथा का सुदामा चरित्र की कथा के साथ समापन हो गया। अंतिम दिन लोगों ने भाव विभोर होकर कथा का रसपान किया।
अंतिम सत्र की कथा सुनाते हुए
विश्वविख्यात भागवत मर्मज्ञ डॉ. श्याम सुन्दर पाराशर महाराज ने कहा कि भगवान के परम सखा सुदामा जी का वर्णन करते हुए कि संतोषी व्यक्ति ही परम धनवान होता है और सुदामा जी परम संतोषी ब्राम्हण थे।इसलिए सुदामा जी को दरिद्र नहीं बताया।कथा व्यास ने कहा कि विवेक की दृष्टि खुली हो तो किसी से भी शिक्षा ग्रहण की जा सकती है,लेकिन दीक्षा गुरु एक ही होना चाहिए। भक्ति मार्ग के भगवान की प्राप्ति की जा सकती है। जिसमे भक्ति मार्ग सुलभ साधन है। कलयुग में भगवान का नाम एवं संकीर्तन ही मुक्ति का सबसे सरल साधन है।
कथा का मूल पाठ आचार्य राजेश पचौरी ने किया।
संगीतमय कथा में ऑर्गन पर दीपक योगी, तबले पर इंद्रदेव ठाकुर, नाल पर कपिल शर्मा, सहगायन मनीष शर्मा, तनय शर्मा, बैंजो पर अजय कुमार ने संगत की।
भागवत कथा की आरती अनिल श्रीवास्तव क्षेत्रीय सह कार्य वाहक, आर.पी. निरंजन, प्रदीप सरावगी, श्याम सुंदर पारीछा पूर्व एमएलसी, डी.पी. तिवारी, संस्कृति पाठक सहायक कुल सचिव, राजू पालीवाल, अपर्णा द्विवेदी सह संयोजक दिव्य प्रेम सेवा मिशन हरिद्वार, जितेन्द्र पटेल जिला पंचायत सदस्य, संतोष गौतम ऊरई, यजमान पिंकी केशव सिंह परिहार, डॉ जगदीश सिंह चौहान ने की।
कुरैठा सांस्कृतिक महोत्सव में अंतरराष्ट्रीय कथा वाचक डा. श्याम सुंदर पाराशर जी द्वारा श्याम सिंह अस्ता, डा रमेश बुधौलिया, रामकुमार सिंह परिहार प्रधानाचार्य, हरप्रसाद पटेल, अखिल चौहान छपार, लालता प्रसाद पांचाल, सरदार सिंह घोष, तेज सिंह यादव ठेकेदार, धर्मेन्द्र गुप्ता, शिवकुमार तिवारी, डा. राम सिंह पटेल वीरपुरा, गिरीश पथरेड़ी, केशवेन्द प्रताप सिंह चौहान, प्रतीक जैन, नितिन मोदी, पत्रकार कुंवर रामकुमार सिंह, ओंमकार सिंह, फूल सिंह परिहार, सुनील जैन डीकू, अजय शुक्ला, कौशल किशोर को भगवान श्री राम जी प्रतिमा देकर सम्मानित किया। संचालन भाजपा जिला महामंत्री बद्री प्रसाद त्रिपाठी ने किया।
इस अवसर पर पं विनोद कुमार व्यास, हरपाल सिंह परमार, मूरतध्वज सिंह बरगांय, बालिग राम शास्त्री, तेज सिंह यादव, दशरथ सिंह चौहान, घनश्याम सिंह, आनंद गुप्ता, मेजर अखिलेश पिपरैया, उपेन्द्र बबेले, धर्मेन्द्र गुप्ता, भगवत नारायण गंगेले, सतीश चौरसिया, मृगेंद्र सिंह, बंजारे सिंह, जवाहर सिंह, सुखदेव सिंह दीपू अस्ता, रामनारायण पस्तोर, साहब सिंह, अशोक मिश्रा, राजू धनौरा, धर्मेन्द्र गुप्ता, राजू सेंगर, कुलदीप सिंह यादव सेमरी, जानकी शरण यादव, शिवकुमार सिंह परमार, जवाहर सिंह, योगेश त्रिपाठी अजनेरी, सत्य प्रकाश तिवारी, राकेश त्रिपाठी, रामप्रकाश सिंह चौहान, बोबी खरे, योगेश सिंह चौहान, राजवेन्द बुन्देला, मनोज बुधौलिया, बोबी ठाकुर, बबलू चौहान, सुयश प्रताप सिंह चौहान, आशू चौहान, पवन स्वामी, गोविंद सिंह परमार, योगेन्द्र सिंह चौहान , जनक सिंह चौहान सहित सैकड़ों धर्म प्रेमी उपस्थित रहे। अंत में आभार कार्यक्रम के संयोजक डा. जगदीश सिंह चौहान ने व्यक्त किया।
